1. एक s-कक्षक तथा एक p-कक्षक के बीच अंशछादन का कोण है-
2. समभुज आकृति में ———— होता है।
3. निम्नलिखित में से किस हाइड्राइड का क्वथनांक सबसे कम होता है?
4. निम्नलिखित में से किस अणु में परमाणु की व्यवस्था रैखिक नहीं है?
1. एक s-कक्षक तथा एक p-कक्षक के बीच अंशछादन का कोण है-
Explanation:
Explanation:
(a) S- तथा p-कक्षक के बीच का आच्छादन अंतरनाभिकीय अक्ष पर होता है। अतः कोण 180° है।
2. समभुज आकृति में ———— होता है।
Explanation:
(b) समभुज अथवा त्रिकोणीय समतल आकृति में sp2- संकरण होता है।
3. निम्नलिखित में से किस हाइड्राइड का क्वथनांक सबसे कम होता है?
Explanation:
(c) अमोनिया (NH3) में हाइड्रोजन आबंध होते हैं इसीलिए इसका क्वथनांक सबसे अधिक होता है। शेष हाईड्राइडों अर्थात् PH3,AsH3 तथा SbH3 में आकार बढ़ने पर क्वथनांक बढ़ते है तथा वांडरवाल्स आकर्षण बल का परिमाण भी बढ़ता है। इस प्रकार PH3 का क्वथनांक सबसे कम होता है।
4. निम्नलिखित में से किस अणु में परमाणु की व्यवस्था रैखिक नहीं है?
Explanation:
(a) परमाणुओं की रैखिक व्यवस्था के लिए sp संकरण होना चाहिए। (रैखिक आकृति, 180° कोण). केवल H2S में sp3 संकरण होता हैं अतः यह कोणीय आकृति का होता है जबकि C2H2, BeH2 तथा CO2 सभी में sp संकरण होता है। अतः परमाणु की व्यवस्था रैखिक होती है।
5. निम्नलिखित में से कौन-सा धात्विक आबंध पर प्रयोग नहीं होता है।
Explanation:
(d) धात्वीय आबंधों में प्रत्येक आयन समान संख्या वाले विपरीत आवेशित आयनों से घिरा होता है। अतः स्थिर वैद्युत आकर्षण सभी दिशा में होते हैं। अतः इनमें दिशात्मक लक्षण नहीं होता है।
6. निम्नलिखित में से किस अणु के केन्द्रीय परमाणु में sp2-संकरण हो सकता है?
Explanation:
(b) BF3 में sp2 संकरण होता है।
7.H2O में अशून्य द्विध्रुवीय आघूर्ण होता है। जबकि BeF2 का द्विध्रुवीय आघूर्ण शून्य है क्योंकि
Explanation:
(b) BeF2 रैखिक होता है इसलिए इसका द्विध्रुवीय आघूर्ण शून्य होता है जबकि H2O के मुड़ा हुआ अणु होने के कारण इसका द्विध्रुवीय आघूर्ण निश्चित या अशून्य होता है।
8. LiCl,BeCl2 BC13 तथा CC14 में से सह-संयोजक आबंधन गुण का क्रम निम्नलिखित में से कौन-सा है:
Explanation:
(c) हम जैसे Li-> Be ->B->C की ओर बढ़ते हैं। वैद्युत ऋणात्मकता बढ़ती है अतः इसके अनुसार तत्व तथा Cl के बीच EN का अंतर घटता है और सह संयोजक चरित्र क्रमशः बढ़ता जाता है। अतः कथन ‘c’ सत्य है। अर्थात् LiC1
9. कौन सा कथन सत्य नहीं है?
Explanation:
σ -आबंध, π-आबंध से शक्तिशाली होता है। अतः कथन (a) सत्य नहीं है। सिग्मा बन्ध 2s-2p अथवा 1s-1p कक्षकों के अतिव्यापन से बनते हैं। अतः ये तुलनात्मक रूप से अधिक प्रबल होते हैं जबकि पाई बन्ध 2p कक्षकों के पार्श्वीय अतिव्यापन से बनते हैं अतः ये सिग्मा बन्ध से कम प्रबल होते हैं।
10. कौन से एक में अधिकतम हाइड्रोजन आबंध है?
Explanation:
(d) कोई परमाणु जो हाइड्रोजन से सह संयोजक बन्ध द्वारा जुड़ा हुआ है की हाइड्रोजन बन्ध बनाने की क्षमता विद्युत ऋणात्मकता के बढ़ने तथा आकार के घटने के साथ बढ़ती है। चूँकि F सर्वाधिक विद्युत ऋणात्मकता दर्शाता है अतः HF सबसे अधिक शक्तिशाली हाइड्रोजन बन्ध बनाता है।
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